खाना शुरू करने की दुआ | खाना खाने से पहले की दुआ अरबी, हिंदी, अर्थ, हदीस और फ़ज़ीलत

घर में दाखिल होने की दुआ

क्या आप खाना शुरू करने से पहले यह दुआ पढ़ते हैं?"

🍽️ बिस्मिल्लाह कहें, बरकत पाएं

✅ परिचय

इस्लाम हमें हर अच्छे काम की शुरुआत अल्लाह के नाम से करने की शिक्षा देता है। खाना शुरू करने से पहले दुआ पढ़ना सुन्नत है। इससे खाने में बरकत होती है, शैतान खाने में शामिल नहीं होता और इंसान अल्लाह की नेमतों का शुक्र अदा करता है।


✅ अरबी


‎‫بِسْمِ اللَّهِ‬‎

بِسْمِ اللَّهِ

यदि भूल जाएँ और बीच में याद आए:

بِسْمِ اللَّهِ أَوَّلَهُ وَآخِرَهُ


✅ हिंदी उच्चारण


बिस्मिल्लाह

यदि बीच में याद आए:

बिस्मिल्लाहि अव्वलहू वा आखिरहू


✅ हिंदी अर्थ


मैं अल्लाह के नाम से (खाना शुरू करता हूँ)।

यदि बीच में याद आए:

मैं अल्लाह के नाम से शुरू करता हूँ, इसके शुरू और आखिर दोनों में।


✅ हदीस का संदर्भ


रसूलुल्लाह ﷺ ने फ़रमाया:

जब तुममें से कोई खाना खाए तो अल्लाह का नाम ले (बिस्मिल्लाह कहे)। यदि शुरुआत में भूल जाए तो कहे: 'बिस्मिल्लाहि अव्वलहू वा आखिरहू।


संदर्भ: Sunan al-Tirmidhi, हदीस 1858; Sunan Abi Dawud, हदीस 3767


✅ फ़ज़ीलत


खाने में बरकत होती है।

शैतान खाने में शामिल नहीं होता।

सुन्नत पर अमल करने का सवाब मिलता है।

अल्लाह की नेमतों का शुक्र अदा होता है।

हर अच्छे काम की शुरुआत अल्लाह के नाम से होती है।


✅ कैसे पढ़ें / कब पढ़ें


खाना शुरू करने से ठीक पहले पढ़ें।

केवल "बिस्मिल्लाह" कहना भी पर्याप्त है।

यदि शुरुआत में भूल जाएँ तो बीच में याद आने पर पढ़ें: "बिस्मिल्लाहि अव्वलहू वा आखिरहू"

परिवार और बच्चों को भी यह दुआ सिखाएँ।p


✅ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)


1. क्या सिर्फ "बिस्मिल्लाह" कहना काफी है?

हाँ, यह सुन्नत है और पर्याप्त है।

2. अगर दुआ पढ़ना भूल जाएँ तो?

जब याद आए तो कहें: "बिस्मिल्लाहि अव्वलहू वा आखिरहू।"

3. क्या हर बार खाना शुरू करने से पहले पढ़ना चाहिए?

जी हाँ, हर बार खाना या पेय शुरू करने से पहले पढ़ना चाहिए।

4. क्या बच्चों को भी यह दुआ सिखानी चाहिए?

बिलकुल। बचपन से इस सुन्नत की आदत डालना बहुत फ़ायदेमंद है।


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✅ निष्कर्ष


खाना शुरू करने से पहले "बिस्मिल्लाह" पढ़ना एक छोटी लेकिन बहुत बड़ी सुन्नत है। इससे खाने में बरकत आती है, शैतान दूर रहता है और इंसान अल्लाह की नेमतों का शुक्र अदा करता है। इसलिए हर मुसलमान को चाहिए कि वह हर भोजन की शुरुआत अल्लाह के नाम से करे।

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